वो एक नाम
जिस नाम के
बिना
मेरा हर दिन
अधूरा
मेरी हर शाम
रंगहीन
थी
वो एक नाम
जिस के साथ
जुड़ा था मेरा
नाम
जैसे मेरी पहचान
ही
नहीं
थी
वो एक नाम
जो खुशियों से
भरा
था
उम्मीद का दूसरा
नाम
था
उदासी ज़रा भी
नहीं
थी
वो एक नाम
जो एक नयी
सुबह
का
वादा
करता
था
जीने की राह
दिखाता
था
उसमें बेबसी कहीं
भी
नहीं
थी
आज वो नाम
कहीं नहीं है
आज वो उम्मीद
कहीं नहीं है
आज है, तो
बस
आँसू
और हार...
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